हज हाउस से आज़मीने हज्ज का पहला क़ाफ़िला रवाना

हैदराबाद 22 अगस्त: तलबीह की गूंज और रूह-परवर मनाज़िर के बीच हैदराबाद हज हाउस से आज़मीने हज्ज का पहला क़ाफ़िला रवाना हुआ।

हैदराबाद से जेद्दाह रवाना होने वाले इन 340 आज़मीने हज्ज में एक ख़ादिम अलहजाज शामिल हैं। हज हाउस से आज़मीन के पहले क़ाफ़िले की रवानगी के लिए बेहतर इंतेज़ामात किए गए थे और हज़ारों की तादाद में आज़मीन के रिश्तेदार उन्हें रवाना करने के लिए मौजूद थे। आज़मीन की रवानगी के मौके पर जज़बाती मनाज़िर देखे गए जहां रिश्तेदार अल्लाह के मेहमानों को रवाना कर रहे थे।

रियासत तेलंगाना के आज़मीने हज्ज के पहले क़ाफ़िले को मुहम्मद महमूद अली डिप्टी चीफ़ मिनिस्टर तेलंगाना ने हज हाउस से रवाना किया बादअज़ां उन्होंने आज़मीन के क़ाफ़िले को शम्सआबाद एयरपोर्ट से बज़रीये एयर इंडिया जेद्दाह रवाना किया। हालते एहराम में आज़मीने हज्ज की रवानगी से हज हाउस नामपल्ली के अलावा अतराफ़-ओ-अकनाफ़ की सड़कों पर भी रूह-परवर मनाज़िर देखे गए। आज़मीन की रवानगी के लिए हज हाउस में सख़्त सयान्ती इंतेज़ामात किए गए हैं।

पहले क़ाफ़िले की रवानगी से पहले मुफ़क्किर इस्लाम हज़रत मौलाना मुफ़्ती ख़लील अहमद शेख़ उलजामिआ निज़ामीया ने दुआ की। मुहम्मद महमूद अली ने अपने ख़िताब के दौरान कहा कि रियासती हुकूमत अक़लियतों खास्कर मुसलमानों की मजमूई तरक़्क़ी के अह्द की पाबंद है।

मुहम्मद महमूद अली ने कहा कि के चन्द्रशेखर राव‌ अक़लियत दोस्त क़ाइद हैं और जारीया साल आज़मीने हज्ज की रवानगी के इंतेज़ामात को मज़ीद बेहतर बनाने के लिए 4 करोड़ तक की इजराई से इत्तेफ़ाक़ किया है।

आज़मीन की रवानगी तक़रीब से शकील उल्लाह आमिर फ़ारूक़ हुसैन अल्हाज मुहम्मद सलीम चौधरी महबूब अली क़ैसर और दुसरें ने मुख़ातिब करते हुए आज़मीन-ए-हज्ज को मुबारकबाद पेश की और कहा कि सफ़रे हज के दौरान सब्र-ओ-तहम्मुल का मुज़ाहरा करें क्युं कि वो अल्लाह के मेहमान बन कर रवाना हो रहे हैं।

आज़मीन की हज हाउस से आरटीसी बसों के ज़रीये शम्सआबाद एयरपोर्ट रवानगी अमल में आई।हज हाउस में इस मौके पर महिकमा कस्टम्स इमीग्रेशन एयर इंडिया और दुसरे मुताल्लिक़ा ओहदेदार सरगर्म रहे और आज़मीन की रवानगी में उनकी रहबरी की।