लोकतंत्र बचाओ, संविधान बचाओ : बीजेपी के खिलाफ वोट देने की अपील

नई दिल्लीः थिएटर के 600 से अधिक थियेटर कलाकारों ने एक संयुक्त बयान जारी कर नागरिकों से नफ़रत और कट्टरता के ख़िलाफ वोट करने की अपील की है. इन कलाकारों में अमोल पालेकर, अनुराग कश्यप, डॉली ठाकोर, लिलेट दुबे, नसीरुद्दीन शाह, अभिषेक मजूमदार, अनामिका हाकसर, नवतेज जौहर, एमके रैना, महेश दत्तानी, कोंकणा सेन शर्मा, रत्ना पाठक शाह और संजना कपूर शामिल हैं.

आर्टिस्ट यूनाइट इंडिया वेबसाइट पर जारी बयान में लोगों से भाजपा और उसके सहयोगी दलों के खिलाफ मतदान करने और धर्मनिरपेक्ष, लोकतांत्रिक और समावेशी भारत के लिए वोट करने की अपील की है. बयान में कहा गया कि कमजोर लोगों को सशक्त करने, आजादी की सुरक्षा, पर्यावरण के संरक्षण और वैज्ञानिक सोच को बढ़ावा देने के लिए वोट करें. बयान में कहा गया था कि आगामी लोकसभा चुनाव स्वतंत्र भारत के इतिहास के लिए बहुत महत्वपूर्ण है. इसमें कहा गया कि भाजपा विकास के वादे के साथ सत्ता में आई थी लेकिन हिंदुत्व के गुंडों को नफरत और हिंसा की राजनीति करने की खुली छूट दे दी.

कलाकारों का कहना है कि आज भारत का विचार खतरे में है. आज गाने, नाच, हंसी सब खतरे में है. आज हमारा संविधान भी खतरे में है. उन संस्थानों का गला घोंटा जा रहा है जिनका काम तर्क-वितर्क, वाद-विवाद और असहमति को मान्यता देना है. सवाल उठाने, झूठ को उजागर करने और सच बोलने को देश विरोधी करार दिया जाता है. कलाकारों ने लोगों से संविधान और देश की धर्मनिरपेक्षता की रक्षा करने और बर्बर ताकतों को हराने के लिए वोट करने को कहा है.

गौरतलब है कि इससे पहले 100 से अधिक फिल्मकारों ने भी देश में नफरत की राजनीति के खिलाफ मतदान करने की अपील की थी. आनंद पटवर्धन, एसएस शशिधरन, सुदेवन, दीपा धनराज, गुरविंदर सिंह, पुष्पेंद्र सिंह, कबीर सिंह चौधरी, अंजलि मोंटेइरो, प्रवीण मोरछले देवाशीष मखीजा और उत्सव के निर्देशक और संपादक बीना पॉप जैसे नामी फिल्मकारों समेत 100 से अधिक फिल्म निर्माताओं ने लोकतंत्र बचाओ मंच के तहत एकजुट होते हुए लोगों से भाजपा को वोट न देने की अपील की है.