भद्रवाह 3 मई ( पी टी आई ) ज़लज़ले के झटकों ने आज जम्मू कश्मीर के ज़िला डोडा और मज़ाफ़ाती इलाक़ों के अलावा वादी भद्रवाह को हिलाकर रख दिया ।
मुक़ामी लोग लगातार कई झटकों से दहश्त ज़दा होगए । ज़लज़ले की शिद्दत 4.2 रेकॉर्ड की गई । ये ज़लज़ले के झटके सुबह 6.04 बजे महसूस किए गए ।
महिकमा मौसमियात के ओहदेदारों के मुताबिक़ ज़लज़ला 2 हल्की शिद्दत के झटके इस इलाक़े में 9.36 बजे दिन दुबारा महसूस किए गए । ताहम फ़ौरी तौर पर किसी के ज़ख़मी यह हलाक होने की कोई खबर नहीं मिली । ज़लज़ले के झटकों से ज़िले में दहश्त फैल गई । यहां के अवाम पहले ही ज़लज़ले के ख़ौफ़ से रात भर खुले मैदान में बसर कर रहे थे वादी भद्रवाह में पिछ्ले तीन दिन में 15 ज़लज़ले आए हैं । जिन में सब से ज़्यादा 11 ज़लज़ले के झटके महसूस किए गए थे ।
एक ज़लज़ले का झटका वादी भद्रवाह में 31 मार्च को और 11 झटके कल और तीन झटके आज महसूस किए गए । दो अफ़राद हलाक और 69 ज़ख़मी हो गए जिनमें 32 तलबा हैं। जबकि ज़िला डोडा और किश्तवाड़ में कई इमारतों को नुक़्सान पहूँचा । इस इलाक़े में औसत शिद्दत का ज़लज़ला आया था ।
दोनों अज़ला बत्तरीन मुतास्सिरा इलाक़े हैं । जहां तकरीबन 400 इमारतों बिशमोल स्कूल्स , हॉस्पिटल्स और क़ियामगाहों में शिगाफ़ पड़ गए । तमाम मुक़ामी लोगो को हिदायत दी गई है कि वो 10 मई तक माली इमदाद केलिए रियासती आफ़ात राहत कारी फ़ंड में अपने नुक़्सान की तफ़सीलात पेश करदें।
कई ख़ेमे भद्रवाह में नसब करदिए गए हैं । जहां अवाम रात गुज़ार रहे हैं । ये ख़ेमे फ़ौज की तरफ से भी नसब किए गए हैं, जिन्हें हसपताल के तौर पर इस्तेमाल किया जा रहा है । छतों के गिर जाने की वजह से जो लोग ज़ख़मी हुए हैं यहां तिब्बी इमदाद फ़राहम की जा रही है । ज़लज़ले से मुतास्सिरा अज़ला खासतौर पर कशतवार , डोडा और रामबन में मुताल्लिक़ा ओहदेदार राहत रसानी केलिए अराज़ी के तौर पर क़ियाम किए हुए हैं ।