नई दिल्ली, 09 फ़रवरी: (पी टी आई) कश्मीर के दरवाज़े इल्म के तलबगारों के लिए हमेशा खुले रहते हैं। सदर जमहूरीया परनब मुखर्जी ने रियासत जम्मू-ओ-कश्मीर की ख़ातून असातिज़ा के ग्रुप से मुलाक़ात के दौरान तब्सिरा करते हुए कहा कि कश्मीर इल्म के क़दीम दौर के मर्कज़ शारदा पीठ की वजह से शोहरत रखता है।
इस तालीमी इदारे के दरवाज़े दुनिया के गोशे गोशे से आने वाले मुहक़्क़िक़ीन और इल्म-ओ-दानिश के तलबगारों के लिए हमेशा खुले रहा करते थे। 21 ख़ातून असातिज़ा ने सदर जमहूरीया से मुलाक़ात की। सदर परनब मुखकर्जी ने इन असातिज़ा के इलावा मनीपुर के 25 तलबा से भी मुलाक़ात करके उनसे तबादला-ए-ख़्याल किया।
इलावा अज़ीं आसाम राइफ़ल्ज़ को जो हिंदूस्तान की क़दीम तरीन फ़ौज है, मुबारकबाद पेश की।