एहितजाजी डॉक्टर्स-ओ-हुकूमत की बातचीत नाकाम

हैदराबाद 3 फरवरी (सियासत न्यूज़ ) रियास्ती हुकूमत और एहितजाजी जूनियर डाक्टरों के माबैन आज हुई बातचीत नाकाम होगई । जूनियर डॉक्टर्स जो कि अपने देरीना मुख़्तलिफ़ मसाइल बिलख़सूस माहाना असटाइपनड की रक़ूमात में इज़ाफ़ा करने के मुतालिबा पर अपनी ग़ैर मुअय्यना मुद्दत की भूक हड़ताल कररहे हैं हुकूमत पर असर अंदाज़ नहीं होसके जिस की वजह से जूनियर डॉक्टर्स और हुकूमत के माबैन हुई बातचीत नाकाम होगई । रियास्ती वज़ीर-ए-सेहत-ओ-तबाबत डाक्टर डी ईल रवीनदरा रेड्डी ने कहा कि हड़ताल जूनियर डॉक्टर्स के क़ाइदीन देही इलाक़ों में लाज़िमी ख़िदमात की मुद्दत में कमी करने का हुकूमत पर दबाव डाल रहे हैं जो कि रियास्ती हुकूमत केलिए नाक़ाबिल-ए-क़बूल मुतालिबा है ।

उन्हों ने कहा कि रियास्ती हुकूमत जूनियर डाक्टरों की तालीम पर भारी रक़ूमात ख़र्च कररही है लेकिन इस के बावजूद जूनियर डॉक्टर्स को इस बात का कोई एहसास नहीं है । उन्हों ने कहा कि जूनियर डॉक्टर्स जो कि तलबा-ए-की तरह रवैय्या इख़तियार कररहे हैं इस के ख़िलाफ़ सख़्त इंतिबाह देते हुए कहा कि अगर जूनियर डाक्टरों के रवैय्या में कोईतबदीली ना आने की सूरत में हुकूमत उन के ख़िलाफ़ सख़्त कार्रवाई से भी गुरेज़ नहीं करेगी ।

इसी दौरान जूनियर डॉक्टर्स एसोसी एष्ण के क़ाइदीन ने बताया कि रियास्ती हुकूमत सिर्फ असटाइपनड को माहाना असास पर बाक़ायदा तौर पर फ़राहम करने को यक़ीनी बनाने का ही इआदा कररही है लेकिन दीगर किसी मुतालिबात पर ग़ौर ही नहीं कररही है और ना ही क़बूल कररही है लिहाज़ा उन क़ाइदीन ने कहा कि ख़ुद हुकूमत ही उन्हें ग़ैर मुअय्यना मुद्दत की हड़ताल को जारी रखने पर मजबूर कररही है

और ये बात साफ़ वाज़िह हो रही हैकि हुकूमत को अवामी सेहत से कोई दिलचस्पी नहीं है , जबकि हम अब तक हंगामी नौईयत की ख़िदमात अंजाम दे रहे हैं । जूनियर डॉक्टर्स एसोसी एष्ण क़ाइदीन ने फ़िलफ़ौर उन के देरीना मुतालिबा की आजलाना यकसूई का हुकूमत से मुतालिबा किया।