मुक़ामी पॉलिसी लागू होने के बाद हों तकर्रुरी

माले एमएलए राज कुमार यादव ने कहा कि रियासत में जो भी तकर्रुरी होनी है, मुक़ामी पॉलिसी लागू किए बिना न हो। मुक़ामी पॉलिसी लागू नहीं होने की वजह से यहां के लोगों को फ़ोर्थ ग्रेड में भी नौकरी के लिए पापड़ बेलने पड़ते हैं। हुकूमत अगर ऐसे मुद्दे को दरकिनार कर तकर्रुरी शुरू करेगी तो रियासत में गलतफहमियाँ पनपेगा।

यादव जुमा को माले के पार्टी दफ्तर में प्रेस से बातचीत कर रहे थे। उन्होंने भाजपा पर निशान साधते हुए कहा कि जब भाजपा ओपोजीशन में थी तो बालू घाट का मुद्दा जोर-शोर से उठाया था। अब हुकूमत में है, लेकिन इस मामले में चुप है। हुकूमत बालू घाटों की नीलामी मंसूख कर रहे और इसका हक़ पंचायत को दे। उन्होंने यह भी कहा कि पंचायतों को हक़ दिया जाना चाहिए नहीं तो पंचायत का कोई मतलब नहीं। यादव ने हर एक ब्लॉक में डिग्री कालेज और आइटीआइ खोलने की वकालत भी है। रियसती सेक्रेटरी जनार्दन प्रसाद ने कहा कि अब हुकूमत बन गई है, तो बार-बार दिल्ली में हाजिरी लगाने की जरूरत खत्म होनी चाहिए। तरक़्क़ी हो। नक़ल मकानी रुके और कानकुनी का दोहन भी कम्युनिटी की तरफ से हो। प्राइवेट कंपनियों को माइंस या खदान न दी जाए। बदउनवान पर रोक लगे और यहां के जंगल और खेती लायक जमीन बचाने के लिए कानून बने।