पटना 5 जून : हर जिले में ख्वातीन सनअति तरबियत के आदरे (आइटीआइ) खुलेगा। रियासत में हुनर की तरक्की की भरपूर इमकान है। अगले पांच साल में हुकूमत एक करोड़ लोगों का हुनर की तरक्की करेगी। इससे लोगों की आमदनी में चार गुनी तक अजाफा होगा। ये बातें वज़ीरे आला नीतीश कुमार ने मंगल को ख्वातीन आइटीआइ दीघा के बन रहे नयी ईमारत का इफ्तेताह करते हुए कहें।
इंसानी तरक्की के लिए रोड मैप जल्द
उन्होंने कहा कि 10 लाख ख्वातीन खुद मदद ग्रुप का तशकील किया जा रहा है। इससे सवा करोड़ ख्वातीन की एक्तेसादी हालत बेहतर होगा। अब तक एक लाख ग्रुप का तशकील किया जा चुका है। रियासत में कायम इंसानी तरक्की के मिशन का मकसद तालीम और सेहत को बेहतर बनाने के साथ महारत की तरक्की पर जोर देना है।इंसानी तरक्की के लिए रोड मैप बनने का अमल आखरी मरहले में है। बिहार तरक्की रियासत बनेगा। यहां से लोग बाहर नहीं, बल्कि बाहर के लोग यहां आकर काम करेंगे। डिविजन सतह पर रियासत में अभी 12 ख्वातीन आइटीआइ हैं। तमाम का अपना ईमारत होगा। साथ ही हर एक आइटीआइ में खास ट्रेड होगा।
तकरीब को दीघा की रुकन असेंबली पूनम देवी ने भी ख़िताब की। इस्तकबाल लेबर वसायल महकमा के प्रिंसिपल सेक्रेटरी एके चौहान और शुक्रिया मेमो मंसूबा बंदी और तरबियत के डायरेक्टर एके मल्लिक ने किया। प्रोग्राम का एहतेमाम नायब प्रिंसिपल सुगंधा ने किया। मौके पर बाल मजदुर कमीशन के सदर रामदेव प्रसाद, एके चटर्जी, आदरे की प्रिंसिपल आशा सिंह और पटना म्युन्सिपल कॉर्पोरेशन के मेयर अफजल इमाम समेत दीगर लोग मौजूद थे।