सहारनपुर: दलित-ठाकुर हिंसा में अबतक 12 एफआईआर और 24 गिरफ्तार

लखनऊ: सहारनपुर में मंगलवार की हिंसा में पुलिस ने आगजनी, तोड़फोड़ मारपीट आदि के मामलों में कुल 12 एफआईआर दर्ज किए हैं और आरोपियों की धर—पकड़ है। इस मामले में 24 से ज्यादा आरोपियों को पकड़ा जा चुका है। बुधवार को शहर में कर्फ्यू सरीखा सन्नाटा रहा। देर शाम दोनों पक्षों के साथ अफसरों ने अमन के लिए बैठक भी की। हालांकि बुधवार की सुबह एक बार तनाव का माहौल दिखा। रामनगर में जिस महाराणा प्रताप भवन में मंगलवार को भीड़ ने तोड़फोड़ की थी, ठाकुर समाज के काफी लोग वहीं पर जमा हो गए। ठाकुर समाज के लोगों ने मंगलवार की घटना की निंदा करते हुए उपद्रवियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की। डीएम एनपी सिंह का कहना है कि माहौल सामान्य है। अतिरिक्त पुलिस बल लगा दिया गया है। एससएपी की तरफ से पुलिस की एक टीम सोशल मीडिया पर नजर रख रही है। एसएसपी ने लोगों से सोशल मीडिया पर आपत्तिजनक पोस्ट नहीं डालने या शेयर करने की अपील की है। दरअसल, मंगलवार को सोशल मीडिया पर दलितों के साथ लाठीचार्ज और अत्याचार की जानकारी तेजी से फैली और लोग जमा हो गए। वहीं, कांग्रेस नेता इमरान मसूद का कहना है कि मंगलवार को हुई हिंसा के बाद कांग्रेस उपाध्यक्ष राहुल गांधी यहां आना चाहते थे। लेकिन जिला संगठन की तरफ से उनको जानकारी दी गई कि यहां अभी स्थिति ठीक नहीं हैं। वहीं, एससीएसटी आयोग के अध्यक्ष और कांग्रेस के राज्यसभा सांसद पीएल पुनिया बुधवार को सहारनपुर पहुंचें। उन्होंने डीएम और एसएसपी से रिपोर्ट ली। उनका कहना है कि यदि सड़क दूधली प्रकरण में ही सांसद के खिलाफ सख्त कार्रवाई हो जाती तो पूरा सहारनपुर ना सुलगता।