शादान‌ ग्रुप के प्रोफ़ैशनल कॉलिजस, मिल्लत की तरक़्क़ी के ख़ाबों की ताबीर

हैदराबाद ०१ अगस्त: मुस्लमान मैडीसन, इंजीनीयरिंग और रिसर्च में आगे बढ़ने के ख़ाब भी देखें और जद्द-ओ-जहद भी करें । अल्लाह ताला इन ख़ाबों को शर्मिंदा ताबीरकरेगा । शादां इंस्टीटियूट आफ़ मैडीकल साइंसिस टीचिंग हॉस्पिटल ऐंड रिसर्च सैंटर, डाक्टर वे आर के वीमनस मैडीकल कॉलिज टीचिंग हॉस्पिटल ऐंड रिसर्च सैंटर हो कि शादां ग्रुप के तहत क़ायम 50 से ज़ाइद तालीमी अदारी, ये सब आपके ख्वाबो की ताबीर ही तो हैं।

अल्लाह ताला ने तालिबात केलिए मैडीकल कॉलिजस मैं दाख़िलों की जो राहें फ़राहम की हैं इस के लिए हमें इस का शुक्र गुज़ार होना चाहिए । इन ख़्यालात का इज़हार डाक्टर मुहम्मद वज़ारत रसूल ख़ान साबिक़ रुकन असैंबली-ओ-चीफ़ प्रोमोटर शादां-ओ-डाक्टर वे आर के ग्रुप आफ़ इंस्टी टयूशंस ने एमबी बी ऐस साल-ए-अव्वल के दाख़िलों की कौंसलिंग के मौक़ा पर किया। ये कौंसलिंग डाक्टर वज़ारत रसूल ख़ान एज्यूकेशनल कैंपस अज़ीज़ नगर रंगा रेड्डी में मुनाक़िद हुई।

डाक्टर मुहम्मद वज़ारत रसूल ख़ान ने कहा कि इंतिज़ामीया दियानतदारी के साथ दाख़िले दे रहा है इसके बावजूद किसी को कोई शिकायत है तो वो दरुस्त नहीं ही। उन्होंने कहा कि मुस्लिम तालिबात के रोशन मुस्तक़बिल केलिए मैडीकल और अनजीनरकालजस का क़ियाम काफ़ी एहमीयत रखता ही। आज डाक्टर वे आर के वीमनस मैडीकल कॉलिज के तीसरे बयाच के लिए कौंसलिंग हुई । उन्हों ने बताया कि मुस्लिम तालिबात की आला-ओ-असरी तालीम लिए 1988 मैं शादां जोनर कॉलिज फ़ार गर्लज़ का क़ियाम अमल आया। इसी तरह तालिबात के लिए बी ऐड कॉलिज, 1989-ए-में शादां डिग्री कॉलिज फ़ार वीमनस, 1991मैं शादां इंस्टीटियूट आफ़ मैनिजमंट एसटडीज़ , 1994मैं शादां इंस्टीटियूट आफ़ पोस्ट गराइजवीट एसटडीज़ 1997शादां वीमनस कॉलिज आफ़फार्मेसी, 2002 रिया सितमें पहला अक़ल्लीयती वीमनस कॉलिज आफ़ इंजीनीयरिंग ऐंड टैक्नालोजी का क़ियाम अमल में आया।

इसी तरह 2002-ए-में डाक्टर वे आर के वीमनस कॉलिज आफ़ इंजीनीयरिंग ऐंड टैक्नालोजी का क़ियाम अमल में आया। शादां ग्रुप अलहमदुलिल्लाह तरक़्क़ी की राह पर गामज़न था उसी दरमयान 2005 में ख़ुशख़बरी हासिल हुई जो शादां इंस्टीटियूट आफ़ मैडीकल साइंसिस की सूरत में थी ।

ये मैडीकल कॉलिज तलबाव तालिबात केलिए है लेकिन इस में ज़्यादा तर तालिबात मेरिट की बुनियाद पर तलबा से कई गुनाह सबक़त लीजा रही हैं। उन्हों ने बताया कि 2010-2011 मैं मुस्लिम ख़ानदानों केलिए मज़ीद ख़ुशीयां हासिल हुईं जो तालिबात केलिए ख़ुसूसी तौर पर डाक्टर वे आर के वीमनस मैडीकल कॉलिज का क़ियाम ही। डाक्टर ख़ान ने आज एमबी बी ऐस में दाख़िला ना मिलने वाली तालिबात को मायूस ना होने की तलक़ीन करते हुए कहा कि अल्लाह रब अलाज़त से उम्मीद रखें और दुबारा कोशिश करें इन्शाअल्लाह आइन्दा साल दाख़िला हो सकता है ।

मुहतरमा शादां वज़ारत रसूल ख़ान सैक्रेटरी ऐंड करसपानडनट शादां एजूकेशन सोसाइटी ने कहा कि वालदैन अपनी लड़कीयों को दाख़िला दिलाने के बाद अपनी ज़िम्मेदारी से सबकदोश समझते हैं जबकि यहीं से उन की असल ज़िम्मेदारी का आग़ाज़ होता ही। उन्हों ने वालदैन और सरपरस्तों से ख़ाहिश की कि वो बच्चों की तालीम पर ख़ुसूसी तोजहा दें। मुहतरमा शादां ने कहा कि तलबा की कामयाबी का तनासुब कम आरहा है जिस से उन्हें तालिबात की तरक़्क़ी पर ख़ुशी हो रही है तो दूसरी जानिब तलबा के ख़राब मुज़ाहिरे सेमायूसी होरही ही। जनाब सय्यद एज़ाज़ अलरहमन वाइस चेयरमैन शादां एजूकेशन सोसाइटी ने कौंसलिंग की ज़िम्मेदारी बहसन ख़ूबी निभाते हुए तालिबात को दाख़िले की दावत दी।

उन्हों ने बताया कि पहला रैंक नान लोकल तालिबा एलेना महवश का 1671से शुरू हुआ जबकि लोकल रैंक के तहत 3007 से दाख़िलों का आग़ाज़ हुआ और आख़िरी रैंक 6143 परख़तन हुआ। जनाब अहमद उल्लाह ख़ान साबिक़ डीन ला कॉलिज उस्मानिया यूनीवर्सिटी-ओ-वाइस चेयरमैन पी सी एमबी ने कहा कि ये सिर्फ़ 100 लड़कियों का मैडीसन में दाख़िला कामुआमला ही नहीं बल्कि 100 ख़ानदानों की समाजी और मआशी तरक़्क़ी की ज़मानत है।

उन्होंने ख़ुसूसीयत के साथ लड़कीयों को मेरिट की बुनियाद पर दाख़िला हासिल करने परमुबारकबाद पेश की । इन लड़कीयों की कामयाबीयों में इन की मावं की कोशिशों और दुआओं को फ़रामोश नहीं किया जा सकता। डाक्टर वे आर के कॉलिज आफ़ मैडीकल साइंसिस से मिल्लत की ये 100लड़कीयां जब डाक्टर बन कर निकलेंगी तो 100तालीम-ए-याफ़ता ख़ानदानों की बुनियाद फ़राहम करेंगी। डाक्टर मुहम्मद सारब रसूल ख़ान मैनिजिंग डायरैक्टर शादां इंस्टीटियूट आफ़ मैडीकल साईंस-ओ-डाक्टर वे आर के वीमनस मैडीकल कॉलिज की कौंसलिंग के मौक़ा पर तालिबात के दाख़िला केलिए सहूलयात पहुंचाने की निगरानी कररहे थी।

इस मौक़ा पर प्रोफ़ैसर मुहाजिर एडवाइज़र , प्रोफ़ैसर भास्कर एडवाइज़र, परोफ़सीर ख़्वाजा नासिर उद्दीन चीफ़ एडमिनिस्ट्रेटर शादां हॉस्पिटल, डाक्टर ए वाई चारी डीन डाक्टर वे आर के वीमनस मैडीकल कॉलिज, डाक्टर मधु सुधन रेड्डी डायरैक्टर शादां मैडीकल कॉलिज, डाक्टर माथूर डीन शादां मैडीकल कॉलिज मौजूद थी। कौंसलिंग के मौक़ा पर कई वालदैन अपनी लड़कीयों के मैडीकल में दाख़िला पर इश्क़ बार दिखाई दे रहे थी। चंद ऐसी तालिबात भी इन ख़ुश नसीबों में शामिल थीं जिन के वालदैनमआशी तंगदस्ती और कसमपुर्सी के बावजूद अपनी लड़कीयों को आला तालीम दिलाने केलिए कमरबस्ता थी।

शादां इंस्टीटियूट आफ़ मैडीकल साईंस का ओरनटीशन प्रोग्राम-ओ-इबतिदाई तक़रीब यक्म अगसट सुबह 10बजे दिन मुक़र्रर है जबकि डाक्टर वे आर के वीमनस मैडीकल कॉलिज का ओरनटीशन प्रोग्राम-ओ-इबतिदाई तक़रीब यक्म अगस्त‌ 2012 दोपहर एक बजे मुक़र्रर ही। और इसी रोज़ से दोनों कॉलिजों मेंअएम बीबी ऐस साल-ए-अव्वल के तालीमी साल का आग़ाज़ होगा।